प्रज्ञात समाचार। दिल्ली में प्रदूषण का स्तर फिर खतरनाक स्थिति में पहुंच गया है। आनंद विहार में शनिवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 415 दर्ज किया गया, जो ‘गंभीर’ (Severe) श्रेणी में आता है ।
दिल्ली में हवा हुई जहरीली
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, दिल्ली का औसत AQI 259 रहा, जो ‘खराब’ श्रेणी में है । हालांकि, राजधानी के विभिन्न हिस्सों में हालात एक जैसे नहीं हैं — आनंद विहार और वजीरपुर जैसे इलाकों में हवा ‘रेड जोन’ में है, जबकि आरके पुरम और पटपड़गंज में यह ‘खराब’ स्तर पर है ।
घना धुंध और कम विजिबिलिटी
शनिवार सुबह दिल्ली-एनसीआर में धुंध और स्मॉग की चादर छाई रही। दृश्यता कई इलाकों में बेहद कम हो गई, खासकर पूर्वी दिल्ली और गाज़ियाबाद की ओर । तापमान में गिरावट के साथ मिलकर प्रदूषक कण ज़मीन के पास जम गए हैं, जिससे हालात और बिगड़ रहे हैं।सरकार ने ‘ग्रेप-स्टेज II’ (GRAP-II) लागू कर दिया है, जिसके तहत खुले में निर्माण कार्यों पर रोक, सड़क पर पानी का छिड़काव और एंटी-स्मॉग गन का इस्तेमाल किया जा रहा है। मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि 29 अक्टूबर को कृत्रिम वर्षा (Cloud Seeding) की योजना पर विचार किया जा रहा है ताकि प्रदूषण कम किया जा सके ।स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, ‘गंभीर’ श्रेणी का AQI सांस और दिल की बीमारियों से ग्रस्त लोगों के लिए घातक हो सकता है। डॉक्टरों ने लोगों को सलाह दी है कि वे सुबह-शाम के समय बाहर निकलने से बचें और मास्क का प्रयोग करें ।एनसीआर के अन्य क्षेत्रों की स्थितिनोएडा में AQI 332, गाज़ियाबाद में 370 और फरीदाबाद में 342 दर्ज हुआ, जो सभी ‘बहुत खराब’ श्रेणी में हैं । गुड़गांव में यह थोड़ा बेहतर रहा, पर अब भी ‘खराब’ श्रेणी से बाहर नहीं निकला ।दिल्ली-NCR की हवा वर्तमान में सांसों पर भारी साबित हो रही है। विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि अगर जल्द राहत नहीं मिली, तो आने वाले सप्ताह में स्थिति और अधिक गंभीर हो सकती है।


















































